
। भगवान श्रीराम की पावन लीला के विविध ऐतिहासिक एवं प्रेरणादायी प्रसंगों का आकर्षक मंचन प्रतिदिन सायं प्रस्तुत किया जाएगा। यह आयोजन 28 सितंबर से 2 अक्टूबर 2025 तक चलेगा, जिसमें नगर के सैकड़ों श्रद्धालु, परिवारजन एवं रामभक्तों की उपस्थिति में धार्मिक और सांस्कृतिक माहौल छा जाएगा।
कार्यक्रम आकर्षण
प्रथम दिवस (28 सितम्बर 2025)
महोत्सव की शुरुआत पुष्प वाटिका प्रसंग से होगी। इसके बाद धनुष यज्ञ, लक्ष्मण-परशुराम संवाद, राजतिलक एवं मंथरा-कैकेयी संवाद जैसे अत्यंत रोचक प्रसंगों का मंचन किया जाएगा। इन प्रसंगों के माध्यम से भगवान श्रीराम के जीवन की प्रारंभिक घटनाओं को दर्शक बड़े श्रद्धा भाव से देख सकेंगे।
द्वितीय दिवस (29 सितम्बर 2025)
इस दिन राम वन गमन, कैकेयी प्रसंग, दशरथ देवलोक गमन तथा भरत मिलाप का हृदयस्पर्शी मंचन होगा। राजा दशरथ के विरह और भरत के मिलन जैसे प्रसंग भावनाओं से भरा वातावरण निर्मित करेंगे।
तृतीय दिवस (30 सितम्बर 2025)
इस दिन मंच पर पंचवटी प्रसंग, सीताहरण, राम-हनुमान मिलन, राम-सुग्रीव मैत्री, बाली वध, अशोक वाटिका और लंका दहन जैसे रोमांचक और लोकप्रिय प्रसंगों का प्रभावशाली प्रदर्शन किया जाएगा। यह दिन दर्शकों में उत्साह और रोमांच का विशेष केंद्र होगा।
चतुर्थ दिवस (1 अक्टूबर 2025)
इस दिन सेतु बंध, अंगद-रावण संवाद, लक्ष्मण शक्ति, मेघनाथ-रावण वध तथा राम का राज्याभिषेक जैसे भव्य प्रसंगों का शानदार मंचन होगा। इस अवसर पर महायुद्ध के दृश्य और रामराज्य की स्थापना की झलक दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर देगी।
पंचम दिवस (2 अक्टूबर 2025)
कार्यक्रम का समापन लेज़र शो में संपूर्ण रामायण के भव्य प्रदर्शन के साथ होगा। इसके साथ ही आतिशबाज़ी एवं रावण दहन का ऐतिहासिक आयोजन किया जाएगा, जो दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा।
कोरबा नगर निगम एवं आयोजन समिति ने बताया कि इस भव्य आयोजन में नगर के गणमान्य नागरिकों, सामाजिक संगठनों, रामभक्तों, महिलाओं एवं बच्चों के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। मंच सज्जा, झांकियों एवं संवादों की उत्कृष्ट प्रस्तुति के लिए कलाकारों ने विशेष अभ्यास किया है।
कोरबा रामलीला एवं दशहरा मेला आयोजन समिति ने नगरवासियों से इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक उत्सव में पूरे परिवार सहित शामिल होकर आयोजन को सफल बनाने की अपील की है।







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