
अःकोरबा /उरगा/ कोरबा के भाजपा नेता गोपाल मोदी ने ऊंची पहुंच बताते हुए शासकीय अधिकारी से बदसलूकी की। नापतौल विभाग के निरीक्षक को बंधक बना कर झुमाझटकी की गई। निरीक्षक पालसिंह का आरोप है कि राइसमिल में बगैर सत्यापन के संचालित धरम कांटा के खिलाफ करवाई करने पर गोपाल मोदी को इतना गुस्सा आया की उन्होंने सरकारी अधिकारी को ऊंची पहुंच का रौब दिखाकर धक्कामुक्की कर दी। इस घटना में निरीक्षक के सिर पर चोट आई है। पुलिस ने गोपाल मोदी और दो अन्य के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया है। मामले की विवेचना की जा रही है।

उरगा थाना इलाके के कोरबा– चांपा मार्ग पर नारायण–पार्वती धरम कांटा संचालित है। बीजेपी नेता गोपाल मोदी द्वारा राइसमिल का संचालन किया जाता है। शिकायत मिली थी कि उनके राइसमिल में अवैध तरीके धरम कांटा का संचालन हो रहा है। सोमवार को नापतौल विभाग के निरीक्षक पाल सिंह डहरिया अपनी टीम के साथ निरीक्षण के लिए नारायण–पार्वती राइस मिल पहुंचे। जांच में पाया गया कि वहा अमानक धरम कांटा का संचालन किया जा रहा है। शासकीय मानकों के अनुसार उसका सत्यापन भी नही हुआ है। इतनी बड़ी धांधली देखकर निरीक्षक पालसिंह डहरिया भी हैरत में पड़ गए। बड़ी अनियमितता पाए जाने पर श्री पाल ने मौके से मॉनिटर को जब्त करने की कार्रवाई की। इस दौरान मौके पर मौजूद आकाश मोदी ने फोन पर अपने मामा गोपाल मोदी को मामले की जानकारी दी। आनन फानन में गोपाल मोदी राइस मिल पहुंचे और नापतौल विभाग के अफसर से उलझ पड़े। अधिकारी द्वारा नियम के तहत कार्रवाई करने के बात कही गई लेकिन ये कार्रवाई गोपाल मोदी को रास नहीं आई। नापतौल विभाग के निरीक्षक पालसिंह डहरिया का आरोप है कि गोपाल मोदी और उनके भांजे आकाश मोदी ने उनके साथ बदसलूकी की। ऊंची पहुंच बताकर धमकी तक दे डाली। पालसिंह डहरिया के मुताबिक उन्हें कार्यालय से बाहर निकलने नही दिया जा रहा था। इतना ही नही उनके साथ धक्कामुक्की भी की गई। जिससे उनके सिर में चोट आई है। पीड़ित अधिकारी ने मामले की शिकायत उरगा थाना में की है। उनकी शिकायत पर पुलिस ने बीजेपी नेता गोपाल मोदी और अन्य दो लोगो के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने की धारा 186, 353, 332, 34 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है।
बीजेपी नेता और नारायण पार्वती राइस मिल के संचालक गोपाल मोदी का कहना है कि नापतोल विभाग के अधिकारी पाल सिंह डेहरिया द्वारा कार्यवाही नहीं करने के नाम पर दो लाख रुपए की मांग गई थी। उन्होंने बताया कि कुछ माह पहले खराबी आने के कारण धरम कांटा का मॉनिटर बदला गया था। विभाग को बगैर जानकारी दिए मॉनिटर बदलने के मामले में निरीक्षक पालसिंह डहरिया ने 7 हजार रुपए का चालानी कार्रवाई भी की थी। 27 नवंबर को अन्य मामले में 3 हजार रुपए ऑनलाइन फीस भी चुकाया जा चुका है। बावजूद इसके पालसिंह डायरिया मिल पहुंचे और मॉनिटर को जब्ती बना लिया। उन्होंने बताया कि अधिकारी द्वारा सुपुर्दनामा बनाने के बाद भी मॉनिटर वापस नहीं किया। इसी औरों उन्हें चोट लगी है।
पुलिस ने किया एफआईआर दर्ज
उरगा थाना के प्रभारी राजेश जांगड़े ने बताया कि राइस मिल में जांच के दौरान विवाद की स्थिति बनी थी। नापतोल विभाग के निरीक्षक पालसिंह डहरिया की शिकायत पर नारायण पार्वती राइस मिल के संचालक गोपाल मोदी और दो अन्य के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने की धारा 186, 353, 332,34 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है। मामले की विवेचना की जा रही है।

