
कोरबा/ रायगढ़ जिले के खरसिया से एक साल पहले लापता हुई 70 वर्षीय मेमबाई को उनके परिवार ने कोरबा के वृद्धाश्रम में खोज लिया है। मेमबाई अपनी बेटी के घर जाने के लिए अकेली ट्रेन में निकली थीं, लेकिन भटककर कोरबा पहुंच गईं। मेमबाई के बेटे शिवनारायण ने बताया कि एक रिश्तेदार सर्वमंगला मंदिर दर्शन के लिए आया था। उसने मेमबाई को पहचान लिया और परिवार को सूचना दी। परिवार ने आश्रम पहुंचकर आरती, फूल और श्रीमाला से मेंमबाई का स्वागत किया।

आरती, फूल माला से मेमबाई का स्वागत
वृद्धाश्रम में रह रही थी मेमबाई
वृद्धाश्रम के केयरटेकर वीरू यादव ने बताया कि पिछले एक साल से वे मेमबाई की देखभाल कर रहे थे। सर्वमंगला मंदिर के पास स्थित इस आश्रम में वर्तमान में 26 बुजुर्ग रह रहे हैं। इनमें अच्छे घरों से लेकर मध्यम और निम्न वर्ग के लोग शामिल हैं।
पहली बार कोई परिजन लेने आया
केयरटेकर ने बताया कि यह पहला मौका है जब किसी आश्रमवासी को लेने उनके परिजन आए हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि इससे अन्य बुजुर्गों की घर वापसी का भी रास्ता खुल सकता है। आश्रम में कई ऐसे बुजुर्ग हैं, जिनके परिवार होने के बावजूद उन्हें यहां रहना पड़ रहा है।







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